दिल्ली की अव्यवस्थित होती जा रही यातायात व्यवस्था को व्यवस्थित करने व सड़क से मौत को दूर रखने के लिए अदालती आदेश पर शुरु किया यातायात पुलिस का अभियान धीरे-धीरे टांय-टांय फिस्स साबित होता जा रहा है। शुरु में यातायात पुलिस ने चालान काट कर सरकारी खजाना भरने के काम में जो तेजी दिखाई थी, […]
Read Full Post »
Posted in Uncategorized on Apr 22nd, 2007 No Comments »
देश की आधी आबादी अभी भी आधा जीवन जी रही है। वह अपने अधिकारों से न केवल वंचित है बल्कि उस पर तरह-तरह की पाबंदियां भी थोपी जा रही है। अगर फिल्म अभिनेत्री शिल्पा शेट्टी एक विदेशी कलाकार को चुंबन दे देती है तो हिंदू अतिवादी नैतिकता की दुहाई देते हुए आसमान सिर पर उठा […]
Read Full Post »
Posted in Uncategorized on Apr 15th, 2007 No Comments »
एक ही बिस्तर पर दो-दो, तीन-तीन मरीज इलाज व देखभाल के अभाव में दर्द से छटपटाते गंभीर रूप से जख्मी व बीमारों की चीख- पुकार और अपने मरीज की चीखें बर्दाश्त न कर पाने से उनके तिमारदारों की डाक्टर व नर्सों से दया की भीख मांगते हुए गिड़गिड़ाने के दृश्य किसी भी सरकारी अस्पताल में […]
Read Full Post »
Posted in Uncategorized on Apr 8th, 2007 No Comments »
केंन्द्रीय गृह राज्यमंत्री श्रीप्रकाश जायसवाल के इस कथन ‘मुलायम सिंह यादव के मुख्यमंत्रित्वकाल के दौरान उत्तर-प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति चरमरा गई थी और कांग्रेस के कार्यकर्ताओं पर जुल्मोसितम ढाए गए, बावजूद इसके पार्टी ने उनकी सरकार को समर्थन दिया।’ इसे जायसवाल की साफगोई कहें या उनकी मजबूरी। मगर ऐसा कहते समय वह यह […]
Read Full Post »